भिवानी, 11 मई। इंसान के हुनर को कोई छीन नहीं सकता है। सीखा हुआ काम कभी न कभी विषम परिस्थिति में जीवन का सहारा बन जाता है। राष्ट्रीय आजीविका मिशन शहरी क्षेत्र की महिलाओं के लिए भी उनका हुनर लॉक डाउन में सहारा बन गया है। भले ही कोविड-19 महामारी संक्रमण के चलते उनकी जिंदगी घर में लॉक है, पर उनके हौसले डाउन नहीं हैं। उनका सीखा हुआ काम ही आज उनके काम आ रहा है, जिससे वे अपने आप को स्वावलंबी महसूस करती हैं। स्वयं सहायता से जुड़ी अनेक महिलाएं अपने घर में मास्क बनाकर गर्व के साथ वे अपना जीवन बसर कर रही हैं।