इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार 313 किलोमीटर लंबाई की यमुना नदी को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए एक विशेष मिशन शुरू करने की दिशा में भी कार्य कर रही है। यह मिशन मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में संचालित होगा, जिसके तहत मल-जल शोधन क्षमता में वृद्धि, अनियंत्रित अपशिष्ट प्रवाह पर रोक, औद्योगिक इकाइयों की वास्तविक समय निगरानी, नदी तटों का संरक्षण, हरित पट्टी विकास तथा भू-जल पुनर्भरण जैसे महत्वपूर्ण कार्य किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026-27 के दौरान यमुना में गिरने वाले सभी नालों के जल का वैज्ञानिक उपचार सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे नदी को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाया जा सके। राव नरबीर सिंह ने विश्वास व्यक्त किया कि इन सभी पहलों से हरियाणा में पर्यावरण संरक्षण को नई दिशा मिलेगी और प्रदेश सतत एवं हरित विकास की ओर तेजी से अग्रसर होगा।