चंडीगढ़। कालका विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी प्रदीप चौधरी के काफिले पर अज्ञात व्यक्तियों ने शुक्रवार को उस समय फायरिंग कर दी जब वह चुनाव प्रचार के लिए एक जनसभा में जा रहे थे। फायरिंग के दौरान दो कांग्रेस कार्यकर्ता गोली लगने से घायल हुए हैं। एक की हालत गंभीर होने के कारण उसे पीजीआई चंडीगढ़ में रैफर किया गया है। जिस कांग्रेस कार्यकर्ता को गोली लगी है वह खुद अपराधिक गतिविधियों में लिप्त रहा है। प्रांरभिक जानकारी में यह बात सामने आई है कि यह घटना अवैध खनन तथा गैंगवार का परिणाम है।
एक घायल के खिलाफ पहले से दर्ज हैं आपराधिक मामले, पुलिस को संदेह, गैंगवार में हुई घटना
कालका से कांग्रेस प्रत्याशी प्रदीप चौधरी अपने काफिले के साथ भरौली गांव की तरफ जा रहे थे। उनके साथ एक कार्यकर्ता गोल्डी मोटर साइकिल पर जा रहा था। इसी बीच कुछ गुंडा तत्व काफिले का पीछा करने लगे। उन्होंने तीन फायर किए। बताया जा रहा है मोटर साइकिल सवार गोल्डी की छाती में गोली लगी जबकि डीके पंडित नामक अन्य कार्यकर्ता के हाथ में गोली लगी।
काफिले में हमले के बाद मौके पर भगदड़ मच गई। आनन-फानन तुरंत एंबुलेंस बुलाकर गोल्डी को अस्पताल में भर्ती कराया गया। गोल्डी की हालत गंभीर होने के कारण उसे पीजीआई चंडीगढ़ रैफर कर दिया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू कर दी।
जांच में पता चला है कि गोल्डी कालका के गांव खेड़ी का रहने वाला है। उसके विरूद्ध रायपुर रानी थाने में आपराधिक मामले भी दर्ज हैं। वर्ष 2017 में पंचकूला पुलिस ने गोल्डी को एक अवैध पिस्तौल व कारतूस के साथ गिरफ्तार किया था।
सूत्रों के अनुसार गोल्डी पर गोली गैंगस्टर भुप्पी राणा गैंग के गुर्गों ने चलाई है। गोल्डी का पहले भुप्पी राणा गैंग से झगड़ा हुआ था। घटना के पुलिस तथा अद्र्ध सैनिक बलों ने पूरे इलाके की नाकाबंदी करके फ्लैग मार्च शुरू कर दिया है। हमलावरों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाली जा रही है।