चंडीगढ़। भारत के चुनाव आयेाग ने हरियाणा की मांग पर विधानसभा चुनाव के कार्यक्रम में बदलाव कर दिया है। अब प्रदेश में नब्बे सीटों के लिए पहली अक्तूबर की बजाय 5 अक्तूबर को मतदान होगा। हरियाणा की सत्तारूढ़ भाजपा व विपक्षी दल इनेलो की ओर से मतदान की तारीख में बदलाव करने की मांग की गई थी। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बड़ौली की ओर से भारत के चुनाव आयोग को पत्र लिखकर हरियाणा की स्थिति से अवगत करवाया था।
आयोग की ओर से शनिवार को नया चुनाव कार्यक्रम जारी किया गया। चुनाव के लिए नोटिफिकेशन पहली की तरह 5 सितंबर को ही जारी होगा। इसी दिन से नामांकन-पत्र जमा करवाने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। नब्बे सीटों के लिए 12 सितंबर तक नामांकन-पत्र दाखिल हो सकेंगे। 13 सितंबर को नामांकन-पत्रों की जांच होगी। 17 सितंबर नामांकन-पत्र वापसी की आखिरी तारीख तय की गई है। मतदान पहली अक्तूबर की बजाय अब 5 अक्तूबर (शनिवार) को होगा।
अब पांच अक्टूबर को होगा मतदान, 8 को घोषित होंगे नतीजे भाजपा अध्यक्ष बड़ौली और इनेलो ने लिखा था आयोग को पत्र
भाजपा ने अपने पत्र में दलील दी थी कि पहली अक्तूबर को मंगलवार के दिन मतदान होना था। इससे पहले शनिवार व रविवार को सरकारी छुट्टी होती है। सोमवार वर्किंग-डे था लेकिन एक दिन की छुट्टी लेकर परिवार घूमने के लिए बाहर जाने का प्लान बना सकते थे। मतदान के बाद यानी 2 अक्तूबर को भी गांधी जयंती के दिन अवकाश होता है। ऐसे में लोगों को घूमने के लिए पांच दिन मिल जाते। इस वजह से वोटिंग प्रतिशत कम रहता। ऑल इंडिया बिश्नोई महासभा की ओर से भी चुनाव आयेाग को पत्र लिखकर मतदान की तारीख में बदलाव करने की मांग की गई थी। 2 अक्तूबर को राजस्थान के मुकाम (बीकानेर) में बिश्नोई समाज के सालाना मेले का आयोजन होना है। हरियाणा में बिश्नोई समाज के लोग भी इस मेले में शामिल होते हैं।