चंडीगढ़। दो दिन के गुरुग्राम प्रवास पर पहुंचे हरियाणा विधानसभा चुनाव सह प्रभारी एवं सांसद बिप्लब कुमार देब ने कहा कि भाजपा के बूथ कार्यकर्ता चुनाव में योद्धा बनकर कार्य करते हैं और उनके इसी कौशल की वजह से हम हरियाणा में तीसरी बार भाजपा सरकार बनाने के लिए तैयार हैं। देब ने कहा कि भाजपा के दस साल सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण को समर्पित हैं।
शनिवार को बिप्लब देब प्रवास के पहले दिन नवीन मंडल के बूथ नंबर 139, डूंडाहेड़ा मंडल के बूथ नंबर 89, 90, 91, 92 और बादशाहपुर मंडल के बूथ नंबर 292 पर पहुंचे। देब ने कार्यकर्ताओं के साथ चाय पर चर्चा की और बूथ कार्यकर्ताओं के साथ डोर-टू-डोर जनसंपर्क किया। इस दौरान बिप्लब देब ने लोगों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार और हरियाणा की नायब सरकार के जन हितैषी कार्यों एवं योजनाओं के बारे में अवगत कराया और विधानसभा चुनाव में भाजपा को वोट देने का आग्रह किया।
बिप्लब देब प्रवास के पहले दिन नवीन मंडल के बूथ नंबर 139, डूंडाहेड़ा मंडल के बूथ नंबर 89,90, 91, 92 और बादशाहपुर मंडल के बूथ नंबर 292 पर की चाय पर चर्चा व लोगों से मुलाकात
बिप्लब देब ने कार्यकर्ताओं से कहा कि हर बूथ पर कमल खिलाने के लक्ष्य को लेकर आप सभी लोग जुट जाएं। बूथ-बूथ पर कमल खिलाकर तीसरी बार हरियाणा में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रचंड बहुमत के साथ भाजपा की सरकार बनानी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं में जोश भरते हुए कहा कि भाजपा का कार्यकर्ता ही पार्टी की जीत का आधार बनता है, इसलिए बिना थके और बिना रूके भाजपा की जीत के लिए काम करें।
जनसंपर्क अभियान के दौरान बिप्लब ने मौजूद ग्रामीणों व अन्य लोगों से कहा कि भाजपा बिना भेदभाव किए सभी समान रूप से सभी का विकास करने वाली पाटी है। हरियाणा के युवाओं का भविष्य भाजपा में ही सुरक्षित है। भाजपा ने किसानों, महिलाओं, गरीबों और युवाओं के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम करके सशक्त बनाने का काम किया है।
कार्यकर्ताओं की मेहनत व जनता के आशीर्वाद से तीसरी बार भी बनेगी भाजपा सरकार : बिप्लब देब
देब ने लोगों को कांग्रेस की असलियत के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का लक्ष्य झूठ बोलकर सत्ता हासिल करना है। झूठ और भय दिखाकर वोट हड़पने की कांग्रेस की पुरानी फितरत है। कांग्रेस के समय बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए भी जूझना पड़ता था। भ्रष्टाचार के कारण योग्य युवाओं की ना नौकरी लगती थी और ना ही जनता के कोई दूसरे काम हो पाते थे