संजय कुमार मेहरा
गुरुग्राम। मुख्यमंत्री मनोहर लाल, केंद्र में फार्मास्यूटिकल मंत्रालय के सचिव डा. पीडी वाघेला के साथ सीआईआई की ओर से वेब सेमीनार में गुरुग्राम के उद्योगपति बोधराज सीकरी ने कहा कि जहां ज्ञान है, वहां विज्ञान है। जहां विज्ञान है, वहां धनवान है। इसलिए अब ज्ञान को विज्ञान में परिवर्तित करने का समय आ गया है।
उन्होंने कहा कि इसका शुभारंभ 5 हजार वर्ष पूर्व हरियाणा के कुरुक्षेत्र में गीता के ज्ञान के साथ हुआ था। उन्होंने मुख्यमंत्री मनोहर लाल की तारीफ में कहा कि उन्होंने पूरे हरियाणा के 22 जिलों को एक निगाह से देखा है। उन्होंने उद्योगों की दृष्टि से कहा कि यहां पर उत्तर भारत के प्रांत भी रुचि ले रहे हैं। आज प्रतिस्पर्धा का दौर है। जो अच्छा करेगा वही आगे रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि अब से पूर्व की सरकारों में इच्छा शक्ति की कमी रही है। आज गर्व की बात है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने देश-प्रदेश में इच्छा जागृत की है। एमएसएमई की परिभाषा बदलकर बड़ा काम किया है। उन्होंने यह भी कहा कि जीन थैरेपी में हर प्रांत काम कर सकता है। यह 2 बिलियन की इंडस्ट्री है और 16 फीसदी के साथ ग्रो कर रही है। फिलहाल इसमें इंवेस्टमेंट कम है। सीकरी ने कहा कि उद्योग स्थापित करने में जो भी कठिनाइयां आती हैं, उनमें से बहुत सी दूर हो चुकी हैं, लेकिन पर्यावरण व अन्य कई विषयों पर अभी भी समस्या आ रही है। इसलिए इस पर भी काम हो। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अपनी बात में कहा कि भविष्य में ऐसी कोई कठिनाई नहीं आएगी। सब काम तय समय से होंगे।
बोधराज सीकरी ने कहा कि चीन का जिक्र करते हुए कहा कि वहां पर उद्योगों के हिसाब से माहौल बेहद ही अनुकूल है। जमीनें सस्ती हैं। तकनीक में वो आगे हैं। अब हमें भी ऐसा ही माहौल अपने देश में तैयार करना है। पर्यावरण से लेकर अन्य मुद्दों पर बिना किसी देरी के उद्योगपति को क्लीयरेंस मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पूरे देश में निवेशक इंतजार कर रहे हैं।
बोधराज सीकरी ने दवाओं को लेकर प्रमुख बात कही कि आज एंटीबायटिक दवाओं का दुरुपयोग हो रहा है। हमें अच्छी तरह से पता है कि हम एंटीबायटिक दवाओं के मामले में दूसरे देशों पर निर्भर हैं। इसलिए हमें अपने यहां स्थानीय दवाओं को बढ़ावा देना होगा। डॉक्टर्स को बताया जाए कि वे स्थानीय को महत्व दें। उन्होंने यह भी कहा कि चीन ने हमारा बहुत नुकसान किया है। बिजनेस की नजर से देखें तो कई-कई दिनों तक हमारा माल एयरपोर्ट पर रोका जाता है। वहां से निकाला नहीं जाता। ऐसे में कड़े कदम उठाने बहुत जरूरी हैं। भविष्य के लिए सख्ती की जाए, ताकि चीन को पता चले कि भारत अब किसी दबाव में आने के मूढ़ में नहीं हैं।
बोधराज सीकरी द्वारा वेब सेमीनार में रखी गई बातों से मुख्यमंत्री मनोहर लाल भी प्रभावित हुए। उन्होंने अपनी बात की शुरुआत में ही श्री सीकरी की तारीफ करते हुए कहा कि सरकार का पूरा पक्ष तो उन्होंने रख ही दिया है। वे उनकी बात पर मुहर लगाते हैं।