चंडीगढ़ । हरियाणा पुलिस द्वारा ऑनलाइन धोखाधड़ी की घटनाओं को देखते हुए पिछले एक महीने के दौरान फर्जी और जाली दस्तावेजों के आधार पर जारी किए गए 392 मोबाइल सिम कार्डों को बंद करवाया गया है।
हरियाणा के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) नवदीप सिंह विर्क ने शनिवार को इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि साइबर क्राइम यूनिट ने इस अवधि के दौरान गहन जांच के बाद सेल्यूलर सेवा प्रदाताओं द्वारा नकली और जाली दस्तावेजों के आधार पर जारी किए गए कुल 685 मोबाइल सिम की पहचान कर भारत सरकार के दूरसंचार विभाग से संपर्क कर जांच के बाद 392 मोबाइल नंबरों को बंद करवाया गया।
उन्होंने कहा कि इंटरनेट के दौर में ऑनलाइन धोखाधड़ी के मामले बढ़ रहे हैं और भोले-भाले लोगों को आनलाइन ठगी कर साइबर जालसाजों द्वारा धोखा दिया जा रहा है। ऐसे सभी धोखेबाज अक्सर गिरफ्तारी से बचने के लिए फर्जी आईडी प्रूफ पर सिम कार्ड प्राप्त करके अपनी गैरकानूनी गतिविधियों को अंजाम देते हैं। ऐसे मोबाइल नंबरों को बंद करवाना जरूरी होता है ताकि साइबर अपराधी अन्य लोगों के साथ ठगी न कर सके।
साइबर ठगी से बचने के कुछ एहतियाती उपायों के बारे में जानकारी देते हुए विर्क ने बताया कि साइबर अपराधी लगातार दूसरों से ठगी कर पैसा बनाने के नए तौर-तरीकों की खोज कर रहे हैं। इसे ध्यान में रखते हुए सलाह दी जाती है कि नागरिक ना तो अपने बैंक खाते, सीवीवी कोड, ओटीपी जैसी किसी भी व्यक्तिगत जानकारी को साझा करें और ना ही व्हाट्सएप या ईमेल पर संदिग्ध लिंक का जवाब दें क्योंकि ऐसा करने से साइबर अपराधी बैंक खातों से धन निकाल सकते हैं।