चंडीगढ़, 20 मार्च — हरियाणा राइट टू सर्विस कमीशन ने जिला फरीदाबाद से संबंधित एक बिजली बिलिंग प्रकरण में तथ्यों पर विचार करते हुए उपभोक्ता श्री करण सिंह खत्री को 5,000 रुपये मुआवजा प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। यह मुआवजा विभाग द्वारा निर्धारित प्रक्रिया के तहत संबंधित अधिकारियों से वसूल किया जाएगा। आयोग के प्रवक्ता ने बताया कि आवेदक ने 01 अगस्त 2024 को अस्थायी बिजली कनेक्शन लिया था। इस अवधि के दौरान उन्हें औसत आधार पर लगभग 2,500 रुपये प्रति माह के बिल जारी किए जाते रहे, जिनका उन्होंने नियमित रूप से भुगतान किया। बाद में 19 जनवरी 2026 को 01 अगस्त 2024 से 15 जनवरी 2026 की अवधि का 15,833 रुपये का बिल जारी किया गया।
इस संबंध में आवेदक ने 21 जनवरी 2026 को शिकायत दर्ज करवाई तथा नियमानुसार प्रथम एवं द्वितीय अपील की प्रक्रिया अपनाई। आयोग के संज्ञान में यह भी आया कि प्रकरण विचाराधीन रहने के दौरान उपभोक्ता द्वारा पूरी राशि का भुगतान किया गया। आयोग ने अपने आदेश में उल्लेख किया कि उपभोक्ता द्वारा वास्तविक विद्युत खपत का भुगतान किया जाना आवश्यक है, तथापि लंबे समय तक औसत बिलिंग के पश्चात एकमुश्त राशि आने की स्थिति में उपभोक्ता की सुविधा का भी ध्यान रखा जाना अपेक्षित है।