राष्ट्रीय ग्रीन हाइड्रोजन मिशन के तहत हरियाणा में प्रस्तावित ग्रीन हाइड्रोजन परियोजना राज्य के विकास में अहम भूमिका निभा सकती है। अनुमान है कि 250 केटीपीए (किलो टन प्रति वर्ष) उत्पादन क्षमता हासिल होने पर यह परियोजना बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा करेगी।
रिपोर्ट के अनुसार, इस पहल से विनिर्माण, लॉजिस्टिक्स और सेवा क्षेत्रों में लगभग 40,000 प्रत्यक्ष और 1.2 लाख अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की संभावना है। इससे न केवल युवाओं को रोजगार मिलेगा, बल्कि औद्योगिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। इसके साथ ही, ग्रीन हाइड्रोजन उत्पादन से राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की जा सकती है। यह पहल हरियाणा को स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में शामिल करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।