चंडीगढ़| हरियाणा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विभाग (HAREDA) ने ग्लोबल ग्रीन ग्रोथ इंस्टीट्यूट (GGGI) के सहयोग से होटल हयात, चंडीगढ़ में राज्य स्तरीय ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार समारोह एवं एशिया लो कार्बन बिल्डिंग ट्रांजिशन (ALCBT) परियोजना पर कार्यशाला का आयोजन किया। इस अवसर पर औद्योगिक इकाइयों, सरकारी भवनों, वाणिज्यिक संस्थानों और शैक्षणिक संस्थाओं को ऊर्जा संरक्षण में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
मुख्य अतिथि श्री श्यामल मिश्रा, आईएएस, प्रधान सचिव, ऊर्जा विभाग, हरियाणा ने कहा कि राज्य सरकार हरियाणा को ऊर्जा दक्षता व नवीकरणीय ऊर्जा में अग्रणी राज्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने ऊर्जा संरक्षण को हर नागरिक का दायित्व बताया। डॉ. अशोक कुमार, उप महानिदेशक, ऊर्जा दक्षता ब्यूरो (BEE) और सुश्री जूली रोब्लेस, क्षेत्रीय प्रबंधक, GGGI ने भी प्रतिभागियों की सराहना की। डॉ. आदित्य दहिया, निदेशक, HAREDA ने बताया कि हरियाणा में GGGI के साथ मिलकर ALCBT परियोजना लागू की जा रही है, जिसके तहत 600 भवनों का प्राथमिक आंकड़ा एकत्र किया गया है, जिनमें से 22 भवनों का विस्तृत अध्ययन किया जा रहा है।
पुरस्कार वितरण में विभिन्न श्रेणियों के विजेताओं को सम्मानित किया गया|
*औद्योगिक श्रेणी (1 मेगावॉट से अधिक):* पहला स्थान – रिफाइनरी, पानीपत; दूसरा – नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड, पानीपत।
*औद्योगिक (1 मेगावॉट से कम):* टाटा कंज्यूमर, रोहतक प्रथम; शाहाबाद शुगर मिल द्वितीय।
*संस्थान श्रेणी (500 किलोवाट से अधिक):* मानव रचना इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट, फरीदाबाद प्रथम।
*सरकारी भवन श्रेणी:* नॉर्दर्न रेलवे एक्स्ट्रा डिविजनल हॉस्पिटल, जगाधरी प्रथम।
*नवाचार/नई तकनीक:* जिंदल स्टेनलेस, हिसार प्रथम।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में उद्योग प्रतिनिधि, सरकारी अधिकारी और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। समारोह ने ऊर्जा संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय संस्थानों को प्रेरित किया और हरियाणा की ऊर्जा दक्षता के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः मजबूत किया।