चंडीगढ़। राजकीय प्राथमिक विद्यालयों में कक्षा-दो एवं तीसरी के विद्यार्थियों का पठन एवं गणित में आधारभूत स्तर पर मूल्यांकन किया जाएगा। शिक्षा विभाग की ओर से दो अलग-अलग चरणों में यह आकलन करने की रूप रेखा तैयार की है। इसको लेकर 15 सितंबर को भाषा और 16 सितंबर को गणित का आकलन किया जाएगा। इस आकलन के लिए पीजीटी, टीजीटी, एबीआरसी और बीआरपी की ड्यूटी लगाई है। वहीं, शिक्षा निदेशालय ने जनगणना आधारित समूहीकरण अभ्यास में कार्यरत शिक्षकों को बड़ी राहत दी है। निदेशालय की ओर से स्पष्ट किया गया है कि इन शिक्षकों की ड्यूटी अतिरिक्त प्रशिक्षण या ट्रेनिंग के जरिये नहीं लगाई जाएगी। बाकायदा, शिक्षा निदेशालय की ओर से सभी जिला शिक्षा अधिकारी, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, डाइट प्राचार्य और सभी जिला परियोजना समन्वयकों को निर्देश जारी किए गए हैं कि जनगणना कार्य हेतु नियुक्त पीजीटीएस, टीजीटीएस, एबीआरसी और बीआरपी को अतिरिक्त कर्तव्यों या प्रशिक्षणों में शामिल न किया जाए।
विद्यार्थियों के पठन का मूल्यांकन करने वाले शिक्षकों को राहत
अतिरिक्त ट्रेनिंग व प्रशिक्षण से मिलेगी छूट
निदेशालय की ओर से स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि जनगणना अभ्यास से संबंधित ड्यूटी दे रहे सभी पीजीटीएस, टीजीटीएस, एबीआरसी और बीआरपी को मूल्यांकन अभ्यास पूरा होने तक किसी अन्य आधिकारिक कर्तव्यों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों, कार्यशालाओं, सेमिनारों या समीक्षा बैठकों में शामिल नहीं किया जाएगा। यह निर्देश जनगणना कार्य को सुचारू रूप से सुनिश्चित करने के लिए जारी किए गए हैं, जो एफएलएन ग्रेड में डेटा-आधारित योजना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। नियुक्त कर्मियों का किसी भी प्रकार का स्थानांतरण मूल्यांकन प्रक्रिया की गुणवत्ता, समय-सीमा और अखंडता पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है।
शिक्षा निदेशालय की ओर से स्पष्ट हिदायत दी गई है कि जनगणना कार्य में लगे सभी पीजीटीएस, टीजीटी, एबीआरसी और बीआरपी को किसी भी अन्य ड्यूटी या प्रशिक्षण सत्र से मुक्त किया जाएगा। इसके साथ ही जनगणना समूहीकरण अभ्यास 1 के पूरा होने तक उन्हें कोई नया प्रशिक्षण, कार्यशाला, बैठक या प्रशासनिक कार्य न सौंपा जाए। जनगणना कार्य से संबंधित प्रशिक्षण, क्षेत्र भ्रमण, डेटा संग्रहण, सत्यापन और रिपोर्टिंग के लिए उनकी पूर्णकालिक उपलब्धता सुनिश्चित करें। हरियाणा स्कूल लेक्चरर एसोसिएशन के राज्य प्रधान सतपाल सिंधु का कहना है कि निदेशालय की ओर से सराहनीय कदम उठाया गया है, इससे जनगणना ट्रेनिंग में ड्यूटी कर रहे शिक्षकों को अतिरिक्त ड्यूटी और प्रशिक्षण की टेंशन नहीं रहेगी।