चंडीगढ़, महिला सशक्तिकरण को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सीआईएसएफ (केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल) अपनी पहली महिला कमांडो टीम को मुख्य परिचालन में शामिल करने के लिए पूरी तरह तैयार है। सीआईएसएफ के प्रवक्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि मध्य प्रदेश के बरवाहा स्थित क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र (आरटीसी) में महिला कमांडो का प्रशिक्षण शुरू हो चुका है। यह 8 सप्ताह का कमांडो कोर्स महिला कर्मियों को उच्च सुरक्षा वाले प्रतिष्ठानों और संयंत्रों में त्वरित प्रतिक्रिया दल (क्यूआरटी) और विशेष कार्य बल (एसटीएफ) की ड्यूटी के लिए तैयार करेगा। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम में शारीरिक फिटनेस और हथियार प्रशिक्षण, तनाव के दौरान लाइव-फायर अभ्यास, दौड़, बाधा दौड़, रैपलिंग जैसे व्यायाम, जंगलों में जीवन रक्षा प्रशिक्षण और विपरीत परिस्थितियों में निर्णय लेने और टीम वर्क की क्षमता का परीक्षण दिया जा रहा है।
सीआईएसएफ ने पहली बार महिला कमांडो इकाई का किया गठन
उन्होंने बताया कि 30 महिलाओं का पहला बैच,जो वर्तमान में विभिन्न हवाई अड्डों पर 11 अगस्त, 2025 से तैनात है और 4 अक्टूबर, 2025 तक प्रशिक्षण लेगा। उसके बाद 6 अक्टूबर से 29 नवंबर, 2025 तक दूसरा बैच प्रशिक्षण लेगा। शुरुआती चरण में, विभिन्न विमानन सुरक्षा समूहों (एएसजी) और संवेदनशील सीआईएसएफ इकाइयों की कम से कम 100 महिलाएं इस कार्यक्रम को पूरा करेंगी। उन्होंने बताया कि बल ऐसे सभी महिला-प्रशिक्षण पाठ्यक्रमों को अपने प्रशिक्षण कार्यक्रम का नियमित हिस्सा बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। प्रशिक्षण के बाद उन्हें मुख्य रूप से हवाई अड्डों पर और उसके बाद अन्य संवेदनशील प्रतिष्ठानों पर तैनात किया जाएगा।