पंचकुला | राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की गतिविधि धर्म जागरण समन्वय कार्य कर्ताओ द्वारा आर्य समाज मन्दिर पिजौरं मे ईसाई धर्म छोड़कर हिन्दु धर्म स्वीकार करने वालो की कराई घर वापसी धर्म जागरण समन्वय के सक्रिय कार्य कर्ताओ द्वारा जिसमे अम्बाला विभाग सयोंजिका अमिता पवारं जी के साथ उनकी पंचकूला जिला व नगर टीम मे पंचकूला जिला संयोजिका ममता, सह जिला सयोंजक सूर्य कान्त, सह जिला सयोंजिका बबीता, पूर्ण कालिक शीतल, कालका नगर सयोंजक अश्वनी, कालका नगर सयोंजिका रूपम , व पिंजौर नगर सयोंजिका अनिता उपस्थित रही।
और इन सब के सफल प्रयास से ये घर वापसी सम्भव हुई भारत माता के सपूत धर्म रक्षक बनकर हिन्दु धर्म की रक्षा के लिए अपना हिन्दु परिवार बढाने के लिए निकल पडे । जो हिन्दु अन्य धर्म मे चले गए उनकी घर वापसी कराने के लिए। हिंदू धर्म में "धर्म" शब्द का अर्थ व्यापक और गहन है। यह केवल धार्मिक कर्तव्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि जीवन के हर पहलू में संतुलन और नैतिकता को धारण करने का मार्ग है। व्यक्ति के जन्म से लेकर मृत्यु तक, हिंदू धर्म के अनुसार उसे अपने कर्म और कर्तव्यों के अनुसार जीवन जीना चाहिए। धर्म केवल पूजा-पाठ का ही नहीं बल्कि समाज और परिवार के प्रति जिम्मेदारी और ईमानदारी का प्रतीक भी है।
हिंदू धर्म की एक महत्वपूर्ण विशेषता इसकी बहुलता है। इसमें एक से अधिक देवी-देवताओं की पूजा की जाती है, और इसे बहुदेववाद के रूप में जाना जाता है। हालांकि, यह धर्म यह भी मानता है कि सभी देवी-देवता एक ही ब्रह्म के विभिन्न रूप हैं। इस प्रकार, हिंदू धर्म अनेकता में एकता की अवधारणा को प्रोत्साहित करता है। विभिन्न धार्मिक परंपराएँ और पूजा पद्धतियाँ इसी मूलभूत सिद्धांत पर आधारित हैं कि सभी मार्ग अंततः एक ही परम सत्य की ओर ले जाते हैं।