Saturday, 17 October 2026
BREAKING
• एमएसएमई क्षेत्र के लिए सुरक्षित भविष्य है नेशनल पेंशन सिस्टम योजना • एवरेस्टबीकेसीसी सीज़न 8 की राष्ट्रीय यात्रा शिमला से शुरू • गुरुग्राम में इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम पर मारुति सीएसआर के तहत खर्च करेगी 75 करोड़ • अक्षय शर्मा को आशीर्वाद देने पहुंचे संत मलकीयत नाथ जी • स्वास्थ्य कर्मचारी बोले...ओल्ड पेंशन स्कीम हमारा हक, इसे लागू करे सरकार • इश्मिता होम्स ढकोली में निशुल्क आयुर्वेद चिकित्सा शिविर में 80 लोगों ने कराया स्वास्थ्य परीक्षण • गुरुग्राम में शुरू हुआ इको एशिया/इको इंडिया-2026 अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन • ऑनलाइन ट्रांसफर पॉलिसी के विरोध में दो घंटे की हड़ताल कर गरजीं नर्सिंग ऑफिसर्स • दिग्गजों से मुलाकात ने बदले अक्षय शर्मा के लिए हल्का उत्तरी के समीकरण • मॉडल नहीं, यह टॉर्चर ट्रांसफर पॉलिसी, इसे रद्द करे सरकार

चंडीगढ़

हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल को मयंक ने भेंट की अपनी किताब "बौनी गुड़िया"

Updated on Tuesday, June 24, 2025 17:26 PM IST

चंडीगढ़। वरिष्ठ पत्रकार, लेखक और समाज सेवक मयंक मिश्रा ने अपनी नई किताब "बौनी गुड़िया" हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला को भेंट की। राजभवन, शिमला में मयंक मिश्रा ने राज्यपाल से मुलाकात की और उन्हें अपनी नई किताब भेंट की। राज्यपाल ने मयंक को उनकी नई किताब के लिए अपनी शुभकामनाएं दीं। इससे पहले मयंक अपनी यह किताब भारत के पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और पंजाब के राज्यपाल व चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया को भेंट कर चुके हैं। मयंक चंडीगढ़ साहित्य अकादमी से पुरस्कृत हैं और "बौनी गुड़िया" उनकी दसवीं किताब है। यह उनका पहला बाल कहानी संग्रह है। इससे पहले उनके दो कहानी संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं।
सृष्टि प्रकाशन की ओर से प्रकाशित "बौनी गुड़िया" में कुल 25 लघु कहानियां हैं। किताब की हर कहानी प्रेरणा देती है और हर कहानी में कोई न की संदेश छिपा है। किताब की पहली कहानी "बौनी गुड़िया" एक ऐसी "बौनी" लड़की की कहानी है जिसे बौना होने की वजह से स्कूल में हमेशा ताने सुनने को मिले। लेकिन, उसने अपनी क्लास में पढ़ने वाली एक लड़की की जान बचाकर यह साबित कर दिया कि शारीरिक तौर पर छोटा या कमजोर दिखने वाला इंसान भी वह कर सकता है जो सामान्य व्यक्ति नहीं कर सकता। गौरतलब है कि इससे पहले मयंक ने अपनी किताब "गूंगी" वर्ष 2019 में भारत के पूर्व राष्ट्रपति (स्वर्गीय) प्रणब मुखर्जी, देश के तत्कालीन उप-राष्ट्रपति एम. वैंकेया नायडू, पंजाब के तत्कालीन राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित और हरियाणा के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय के अलावा तत्कालीन केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री व सांसद अजय भट्ट को भेंट की थी।

Have something to say? Post your comment
एमएसएमई क्षेत्र के लिए सुरक्षित भविष्य है नेशनल पेंशन सिस्टम योजना

: एमएसएमई क्षेत्र के लिए सुरक्षित भविष्य है नेशनल पेंशन सिस्टम योजना

जियोपीसी से पढ़ाई के लिए कम खर्च में मिलेगा कंप्यूटर, एआई का भी कर सकेंगे इस्तेमाल

: जियोपीसी से पढ़ाई के लिए कम खर्च में मिलेगा कंप्यूटर, एआई का भी कर सकेंगे इस्तेमाल

वाहन पंजीकरण नंबरों की ई-नीलामी से 2.97 करोड़ रुपये का राजस्व

: वाहन पंजीकरण नंबरों की ई-नीलामी से 2.97 करोड़ रुपये का राजस्व

पंजाब चुनाव से पहले संत नामदेव समाज चंडीगढ़ में भरेगा हुंकार, एकजुटता का देगा संदेश

: पंजाब चुनाव से पहले संत नामदेव समाज चंडीगढ़ में भरेगा हुंकार, एकजुटता का देगा संदेश

इश्मिता होम्स ढकोली में निशुल्क आयुर्वेद चिकित्सा शिविर में 80 लोगों ने कराया स्वास्थ्य परीक्षण

: इश्मिता होम्स ढकोली में निशुल्क आयुर्वेद चिकित्सा शिविर में 80 लोगों ने कराया स्वास्थ्य परीक्षण

Haryanvi Film ‘Jo Lekh Likhe Ram Nai’ to Release on October 23

: Haryanvi Film ‘Jo Lekh Likhe Ram Nai’ to Release on October 23

नवरात्रि के दौरान जागरण एवं धार्मिक आयोजनों के लिए ध्वनि अनुमति की समय-सीमा बढ़ाने की मांग

: नवरात्रि के दौरान जागरण एवं धार्मिक आयोजनों के लिए ध्वनि अनुमति की समय-सीमा बढ़ाने की मांग

आर्कस्पायर में भावी वास्तुकारों ने रेलवे प्लेटफार्मों को किया री-डिजाइन

: आर्कस्पायर में भावी वास्तुकारों ने रेलवे प्लेटफार्मों को किया री-डिजाइन

पीएचडीसीसीआई ने किया यंग आर्किटेक्ट फोरम का गठन

: पीएचडीसीसीआई ने किया यंग आर्किटेक्ट फोरम का गठन

विकसित भारत-2047 के निर्माण में आर्किटेक्ट्स की अहम भूमिका: सतनाम सिंह संधू

: विकसित भारत-2047 के निर्माण में आर्किटेक्ट्स की अहम भूमिका: सतनाम सिंह संधू

X