चंडीगढ़। साहिब श्री गुरु गोबिंद सिंह जी महाराज के छोटे साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह के लासानी शहादत को समर्पित सेक्टर 47 में फिल्म ‘चार साहिबजादे’ दिखाई गई। इस मौके पर समाज सेवक गुरशरण सिंह,मनिंदर पल सिंह, बलविंदर सिंह बल्ली, बलजीत सिंह संधू, युवा नेता विनायक बंगिया, जसवंत सिंह लाड़ी, आदि मौजूद थे।
धार्मिक फिल्म चार साहिबजादे दिखाकर लोगों को कराया इतिहास से रूबरू
इस मौके पर अभिजात सिंह, अशनूर कौर, अवनीत कौर, ने साहिबजादों की शहादत से संबंधी कविताएं सुनाईं। वहीं दूसरी तरफ संगत के लिए लंगर भी लगाया गया। बल्ली ने फिल्म के समापन के बाद कहा कि श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के परिवार की कुर्बानियां कभी भी भुलाई नहीं जा सकती।
उन्होंने कहा कि गुरु जी तथा उनके परिवार की शहादत अद्वितीय है और यह सदा हम सब के लिए प्रेरणास्रोत बनी रहेगी। गुरशरण सिंह ने कहा कि साहिबजादों की शहादत की कहानी हमें अपने बच्चों को सुनानी चाहिए, ताकि उन्हें भी गुरु जी तथा उनके परिवार की शहादत के बारे में जानकारी हासिल हो। विनायक बंगिया ने कहा कि गुरु साहिब के परिवार ने हिंदू धर्म की रक्षा के लिए बलिदान दे दिया, दो पुत्र मुगलों से युद्ध करते हुए शहीद हुए और दो साहिबजादों को माता गुजर कौर जी के सामने जिंदा दीवार में चिनवा दिया गया। छोटे साहिबजादों के साथ-साथ बाबा मोती राम मेहरा तथा उनके परिवार के बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। श्री राम मंदिर कमेटी का विशेष आभार जताया।