अहमदाबाद | केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के गांधीनगर जिले के मनसा नगर पालिका के विकास कार्यों का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। इस प्रोग्राम के दौरान शाह ने कहा कि दिल्ली में दो दिन पहले 5,600 करोड़ रुपए की ड्रग्स पकड़ी गई। इसमें मुख्य आरोपी तुषार गोयल दिल्ली प्रदेश कांग्रेस की आरटीआई सेल का अध्यक्ष था।
शाह के स्पीच की 3 बड़ी बातें
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 से 'नशा मुक्त भारत' का एक अभियान चलाया। इसके परिणाम देखिए। जब कांग्रेस की सरकार थी तब 2004 से लेकर 2014 तक 10 साल में कुल एक लाख 52 हजार किलोग्राम ड्रग्स पकड़ी गई थी। लेकिन 2014 से 2024 तक मोदी सरकार ने 5 लाख 43 हजार 600 किलोग्राम ड्रग्स पकड़ी है।
- एक ओर कांग्रेस की सरकार थी, उस वक्त 768 करोड़ रुपए कीमत की ड्रग्स पकड़ी गई। इन नशीली दवाइयों को पकड़ने का अभियान जो नरेंद्र मोदी की सरकार ने शुरू किया, उसमें केवल 10 साल में 27 हजार 600 करोड़ रुपए की ड्रग्स पकड़ी गई। आखिर इतना बड़ा अंतर कैसे आया?
- पीएम नरेंद्र मोदी सरकार युवाओं को शिक्षा, खेल और इनोवेशन की ओर से प्रेरित कर रही है, लेकिन कांग्रेस उन युवाओं को ड्रग्स की अंधेरी दुनिया में ले जाना चाहती है।
शाह बोले- गुजरात में 3 साल में 8500 करोड़ की ड्रग्स पकड़ी गई
गृह मंत्री शाह ने कहा कि नरेंद्र मोदी के आने से पहले कांग्रेस ने पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा, दिल्ली तक पूरा उत्तर भारत को नशे के कारोबार मे डुबोया था। मोदी सरकार ने 36 गुना ज्यादा ड्रग्स पकड़कर इसके कारोबार पर कड़ा प्रहार किया है।
उसके कार्यकर्ता ही ड्रग्स कारोबार में लिप्त हैं; दिल्ली में 5600 करोड़ की कोकीन मिली थी
गुजरात में सिर्फ 3 साल में 8500 करोड़ रुपए का ड्रग्स राज्य की भाजपा सरकार ने पकड़ा है।
दिल्ली में 5600 करोड़ का ड्रग्स मिला
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने 2 अक्टूबर को महरौली से 560 किलोग्राम कोकीन जब्त की। इसका मुख्य आरोपी तुषार गोयल 2022 में दिल्ली प्रदेश कांग्रेस की RTI सेल का चेयरमैन रह चुका है। आरोपी की सोशल मीडिया प्रोफाइल पर भी RTI सेल चेयरमैन, दिल्ली प्रदेश कांग्रेस लिखा हुआ है।
आरोपी ने डिक्की गोयल नाम से सोशल मीडिया पर प्रोफाइल बनाया हुआ है। मास्टरमाइंड तुषार गोयल के कई कांग्रेस नेताओं के साथ फोटो भी सामने आए हैं। इस बात का खुलासा दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल की पूछताछ में हुआ है। खुद तुषार गोयल ने स्पेशल सेल की पूछताछ में इसका खुलासा किया है कि वह 2022 में कांग्रेस दिल्ली का RTI सेल प्रमुख था।
इस मामले में अब तक तुषार गोयल के अलावा हिमांशु कुमार, औरंगजेब सिद्दीकी, भरत जैन और जितेंद्र पाल की गिरफ्तारी हो चुकी है।