चंडीगढ़। पंजाब के नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा स्त्रोत एवं रोजगार सृजन एवं प्रशिक्षण मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा है कि ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देना समय की मांग है। सोलर एनर्जी के क्षेत्र में पंजाब देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो चुका है। इस क्षेत्र में नए स्टार्टअप को आगे आना चाहिए। जिन्हें बढ़ावा देने के लिए पंजाब सरकार हर संभव सहायता करने के लिए तैयार है।
अमन अरोड़ा पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा यहां आयोजित की जा रही दसवीं इन्स-आउट एग्जीबिशन के तीसरे दिन आयोजित आरईटीएस कान्कलेव में बतौर मुख्य अतिथि भाग लेकर संबोधित कर रहे थे। उन्होंने उद्योगपतियों को इस क्षेत्र में पूंजी निवेश का आहवान करते हुए कहा कि नए स्टार्टअप की मदद के लिए पंजाब सरकार अपनी पॉलिसी में बदलाव करने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि दुनिया भर में बिजली उत्पादन के साधन सीमित होते जा रहे हैं और सौर ऊर्जा की मांग लगातार बढ़ती जा रही है।
इसके संरक्षण और सही इस्तेमाल के लिए प्रत्येक व्यक्ति को आगे आना होगा। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार के प्रयासों से पंजाब में पराली जलाने के मामलों में जहां 50 प्रतिशत की कमी आई है। इससे पहले आए हुए अतिथियों का स्वागत करते हुए पीएचडीसीसीआई पंजाब चेप्टर के चेयर आर.एस. सचदेवा ने कहा कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य सोलर ऊर्जा के क्षेत्र के लगातार बढ़ रही मांग और नई तकनीक के बारे में लोगों को अवगत करवाना है।
इस अवसर पर विशेष रूप से पहुंचे पीएचडीसीसीआई के सीईओ एवं सैक्टरी जनरल डॉॅ.रणजीत मेहता ने कहा कि ग्रीन ट्रांसमिशन के क्षेत्र में भारत का लक्ष्य 2030 तक 500 गीगावाट ऊर्जा हासिल करना है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए अगले चार सालों में सालाना 30 गीगावाट जोडऩे की जरूरत है।
पीएचडीसीसीआई के आरईटीएस कान्कलेव में हुए शामिल, सौर ऊर्जा के क्षेत्र में पंजाब देश का अग्रणी राज्य
इस अवसर पर बोलते हुए पेडा के सीईओ (आईएएस) संदीप हंस ने कहा कि ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में नए आइडिया के साथ आने वाले स्टार्टअप को पेडा द्वारा हर संभव सहयोग किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य पंजाब को सौर ऊर्जा के क्षेत्र न केवल आत्मनिर्भर बनाना है बल्कि इससे युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करना भी है। इस अवसर पर पीएचडीसीसीआई स्टार्टअप एवं उद्यमिता कमेटी के चेयर डॉ.जेके शर्मा, को-चेयर सुप्रीत ङ्क्षसह, स्टार्टअप पंजाब के संयुक्त निदेशक दीपेंद्र ढिल्लों, पीएचडीसीसीआई चंडीगढ़ के को-चेयर सुव्रत खन्ना समेत कई गणमान्य मौजूद थे।