पंचकूला | गैर-सरकारी संगठन (एनजीओ) श्री श्याम करुणा फाउंडेशन के संस्थापक अमिताभ रूंगटा का कहना है कि लोगों को 'भोजन की बर्बादी से बचने' की आवश्यकता के बारे में जागरूक करना आवश्यक है। सामाजिक कार्यकर्ता रूंगटा ने कहा, मुझे लगता है कि भोजन की बर्बादी एक बड़ा पाप है और लोगों को कभी भी अपनी थाली में भोजन नहीं छोड़ना चाहिए और उन्हें आखिरी निवाला भी खाना चाहिए। लोगों को उतना ही खाना चाहिए जितना जरूरी हो ।
सामाजिक कार्यकर्ता और एनजीओ के संस्थापक अमिताभ रूंगटा ने कहा कि भोजन की बर्बादी पाप है
रूंगटा एनजीओ द्वारा पंचकूला के औद्योगिक क्षेत्र, फेज 1 में आयोजित 126वें 'अन्न भंडारे' के अवसर पर बोल रहे थे।
रूंगटा ने कहा कि जरूरतमंदों को भोजन दान करना हिंदू धर्म के अनुसार महादान है। उन्होंने कहा कि लोगों को सामुदायिक रसोई आयोजित करने की संस्कृति का प्रचार-प्रसार करना चाहिए।
एनजीओ के स्वयंसेवक अनुपमा रूंगटा, चैतन्य रूंगटा, प्रगति, सुखपाल सिंह, सुरेश जांगड़ा ने भंडारे के आयोजन में सहयोग किया।