निर्दलीय विधायक सोमबीर सांगवान ने सरकार से समर्थन वापस लिया
पहले चेयरमैन पद छोड़ा फिर वापस लिया समर्थन
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कुंडू भी ले चुके हैं समर्थन वापस
चंडीगढ़। कृषि कानूनों के मुद्दे पर दादरी के विधायक सोमबीर सांगवान ने सरकार से समर्थन वापस ले लिया। सांगवान ने सोमवार को ही हरियाणा सरकार द्वारा दिया गया चेयरमैन का पद छोड़ा था। एक साल के भीतर यह दूसरा मौका है जब किसी विधायक ने सरकार से समर्थन वापस लिया है। इससे पहले भ्रष्टाचार के मुद्दे पर महम के विधायक भी सरकार से समर्थन वापस ले चुके हैं।
विधानसभा चुनाव के दौरान सोमवीर सांगवान ने दादरी से जजपा प्रत्याशी पूर्व मंत्री सतपाल सांगवान को 14 हजार 272 वोट से हराया था। भाजपा प्रत्याशी बबीता फौगाट यहां तीसरे नंबर पर आई थी। सोमवीर सांगवान ने सरकार गठन के तुरंत बाद ही निर्दलीय रणजीत चौटाला के साथ मिलकर मनोहर सरकार को समर्थन दे दिया था। जिसके बाद प्रदेश सरकार ने उन्हें पशुधन विकास बोर्ड का चेयरमैन नियुक्त किया था।
इस बीच कृषि कानूनों का विरोध कर रहे किसान संगठनों का सांगवान पर भारी दबाव था। सोमवार को ही हुई खाप पंचायतों की बैठक के बाद सांगवान ने पहले चेयरमैन पद से इस्तीफा दिया और फिर मंगलवार को सरकार से समर्थन वापस ले लिया। प्रदेश सरकार के करीब एक साल के कार्यकाल में यह दूसरा मौका है जब किसी विधायक ने समर्थन वापस लिया है। इससे पहले महम से निर्दलीय विधायक बलराज कुंडू ने भी भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए मनोहर सरकार से समर्थन वापस ले लिया था। सांगवान ने समर्थन वापसी पत्र हरियाणा विधानसभा के स्पीकर के नाम जारी करते हुए इसकी एक प्रति राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य तथा एक प्रति मुख्यमंत्री मनोहर लाल को भेजी है।