चंडीगढ:- हाल ही में पश्चिम एशियाई देशों में उत्पन्न भू-राजनीतिक परिस्थितियों के मद्देनज़र आवश्यक वस्तुओं की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा जमाखोरी की रोकथाम के लिए आज उपायुक्त, चंडीगढ़ की अध्यक्षता में प्रमुख हितधारकों के साथ एक बैठक आयोजित की गई। बैठक में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के अधिकारी, विभिन्न मार्केट एसोसिएशनों के प्रतिनिधि, उपभोक्ता संगठनों के सदस्य तथा आवश्यक वस्तुओं के प्रमुख व्यापारी एवं थोक विक्रेता उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने पश्चिम एशिया की वर्तमान स्थिति के कारण आपूर्ति श्रृंखला और आवश्यक वस्तुओं की कीमतों पर पड़ने वाले संभावित प्रभाव पर प्रकाश डाला। उन्होंने बाजार की स्थिति पर सतत निगरानी रखने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि कृत्रिम कमी और अनावश्यक मूल्य वृद्धि को रोका जा सके।
हितधारकों को जमाखोरी विरोधी नियमों का सख्ती से पालन करने तथा निष्पक्ष व्यापार सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन के साथ पूर्ण सहयोग करने के निर्देश दिए गए। यह भी निर्णय लिया गया कि बाजारों में नियमित निरीक्षण, भंडार की वास्तविक समय पर निगरानी तथा किसी भी असामान्य मूल्य वृद्धि या आपूर्ति बाधा की स्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए समन्वित तंत्र स्थापित किया जाएगा। एलपीजी आपूर्ति से संबंधित चिंताओं के मद्देनज़र उपायुक्त ने गैस एजेंसियों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती के निर्देश भी दिए, ताकि वितरण व्यवस्था सुचारु बनी रहे और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचा जा सके। साथ ही जिला खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारियों के नेतृत्व में टीमें गठित की गई हैं, जो गैस एजेंसियों का दौरा कर चंडीगढ़ में एलपीजी के वास्तविक भंडार की स्थिति का आकलन करेंगी।