चंडीगढ़, राष्ट्रीय पोषण माह 2025 के तहत, सामाजिक कल्याण, महिला एवं बाल विकास विभाग, यूटी चंडीगढ़ द्वारा स्वास्थ्य, पोषण एवं समग्र कल्याण पर जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से विभिन्न स्थानों पर प्रभावी गतिविधियों का आयोजन किया गया। विकास नगर में शिशु एवं बाल आहार (Infant and Young Child Feeding - IYCF) तथा जल, स्वच्छता एवं स्वच्छता (WaSH) विषय पर दृश्य सामग्री के माध्यम से सत्र आयोजित किए गए, साथ ही ‘अभा आई.डी.’ हेतु विशेष अभियान भी चलाया गया। मालोया में माताओं को बच्चों के लिए स्थानीय स्तर पर उपलब्ध खाद्य पदार्थों का उपयोग करके किफायती एवं पौष्टिक भोजन तैयार करने हेतु पूरक आहार का लाइव प्रदर्शन किया गया। वहीं आर.सी. धनास-I में आई.वाई.सी.एफ. पर व्याख्यान आयोजित किया गया, जिसमें शीघ्र स्तनपान आरम्भ करने, पहले छह माह तक केवल स्तनपान कराने तथा समय पर पूरक आहार शुरू करने के महत्व पर बल दिया गया।
राष्ट्रीय पोषण माह 2025 के अंतर्गत पोषण, स्वास्थ्य एवं कल्याण पर जागरूकता का हुआ आयोजन
इन प्रमुख कार्यक्रमों के अतिरिक्त सामुदायिक स्तर पर भी कई पहलें की गईं, जिनमें घर पर योग को बढ़ावा, स्वास्थ्यवर्धक आहार हेतु मिलेट्स (श्रीअन्न) का प्रचार, मिलेट्स पर स्लोगन लेखन प्रतियोगिता, टीकाकरण, विवाह की उचित आयु, खाद्य सुदृढ़ीकरण एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों पर व्याख्यान शामिल रहे। रसोई बागवानी, मासिक धर्म स्वच्छता, किशोरियों के लिए संतुलित आहार का महत्व तथा पूरक आहार की आवश्यकता पर जागरूकता अभियान चलाए गए। एनीमिया की रोकथाम पर विशेष व्याख्यान भी दिए गए। इसके अतिरिक्त, गृह भ्रमण कर परिवारों को टीकाकरण के महत्व, नई गर्भवती महिलाओं के पंजीकरण तथा एनीमिया संबंधी जागरूकता के लिए परामर्श दिया गया। पोषण माह के अंतर्गत आयोजित ये गतिविधियाँ प्रशासन की कुपोषण को समग्र दृष्टिकोण से दूर करने की प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं, जिसमें जागरूकता, शिक्षा एवं सामुदायिक सहभागिता को जोड़ते हुए एक स्वस्थ एवं पोषण-सुरक्षित समाज के निर्माण की दिशा में योगदान दिया जा रहा है।